– कोर्ट को हलफनामा देकर विनोद राय ने अपनी गलतियों को स्वीकार किया-सचिन पायलट
वेबवार्ता(न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार वर्मा
लखनऊ 01 नवम्बर। पूर्व केंद्रीय मंत्री कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट ने आज प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय पर पत्रकार वार्ता में पूर्व सीएजी विनोद राय व भाजपा नेताओं पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि मा0 न्यायालय के 1500 पृष्ठों के निर्णय और पूर्व सीएजी विनोद राय द्वारा सयुंक्त प्रगतिशील गठबंधन की मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली सरकार के कार्यकाल में आडिट रिपोर्ट में लगभग 176 करोड़ रुपये के 2जी स्पेक्ट्रम व कोल घोटाले की फर्जी कहानी का अंत हो गया है। इस मामले में सबसे बड़ी बात यह हुई कि आरोप लगाने वाले पूर्व सीएजी विनोद राय ने कोर्ट को दिए अपने हलफनामें में स्वयं में स्वीकार किया है कि उक्त प्रकरण में तथ्यात्मक गलतियां हमसें हुई और हमनें झूठ बोला है। उन्हांनें कहा कि मनमोहन सिंह सरकार को बदनाम और अस्थिर करने के लिये एक मनगढ़ंत कहानी विनोद राय ने तैयार की जिस पर भारतीय जनता पार्टी के नेताओ खूब हो हल्ला मचाया और बदनाम करने का प्रयास किया आज यह साफ हो गया कि मनमोहन सिंह सरकार पूरी तरह साफ सुथरी और एक ईमानदार सरकार थी। पूर्व केंद्रीय मंत्री सचिन पायलट ने कहा कि प्रधानमंत्री व अन्य भाजपा नेताओं के साथ विनोद राय को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिये।
सवालों के जवाब देते हुए श्री पायलट ने कहा कि किसानों, बेरोजगारों, महिलाओं के सम्मान व न्याय के लिये प्रियंका जी संघर्षरत है, उत्तर प्रदेश समस्याओं के ढेर पर बैठा है। सरकार उसका समाधान करने के स्थान पर विभाजन की राजनीति करने में विश्वास कर जनता के साथ धोखा कर रही है। उन्हांनें कहा कि उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय महासचिव श्रीमती प्रियंका गांधी ने अन्याय के विरुद्ध आवाज उठायी, किसानों के हुए उत्पीड़न के खिलाफ लड़ रही है, महिलाआें बेटियों के सम्मान के लिये वह ढाल बनकर खड़ी हुई है, यहां बदलाव सुनिश्चित है,जनता की आस्था कांग्रेस की तरफ तेजी से बढ़ रही है। उन्होंनें भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि इसने झूठ, छल, क्षदम के सहारे जनादेश हासिल कर जनता के भरोसे को तोड़ने का काम किया और अपने पूंजीपति मित्रों को लाभ पहुचानें के लिये जनता को लूटने का काम कर रही है, किसानों, बेरोजगार नौजवानों महिलाओं के उत्पीड़न से साबित होता है कि जनता भाजपा सरकार के एजेंडे में नही हैं, कांग्रेस एक मजबूत विकल्प के रूप में सामने है जिसका प्रमाण कांग्रेस की प्रतिज्ञा यात्राओं व प्रियंका की सभाओं में उमड़ती भीड़ है।