वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज हुई फिल्म ‘सूबेदार’ में अनिल कपूर एक बार फिर अपने पुराने एंग्री एक्शन हीरो वाले अंदाज में नजर आ रहे हैं। 80 के दशक में जिस तरह के एक्शन किरदारों के लिए वह जाने जाते थे, उसी शैली की झलक इस फिल्म में देखने को मिलती है। फिल्म में उनका किरदार एक रिटायर्ड फौजी सूबेदार अनिल मौर्या का है, जो समाज में फैली बुराइयों से लड़ता दिखाई देता है।
फिल्म की कहानी एक ऐसे सैनिक के इर्द-गिर्द घूमती है जो सेना से सेवानिवृत्ति के बाद सामान्य नागरिक जीवन में खुद को ढाल नहीं पाता। अपनी पत्नी के अंतिम समय में साथ न होने का अपराधबोध और बेटी के साथ भावनात्मक दूरी उसे भीतर से परेशान करती रहती है। इसी बीच समाज में फैले अपराध, माफिया और गुंडागर्दी से उसका सामना होता है और वह फिर से लड़ाई के मैदान में उतर जाता है। फिल्म में अनिल कपूर का अभिनय सबसे मजबूत पक्ष बनकर सामने आता है। उनका एंग्री और तीखा अंदाज स्क्रीन पर प्रभाव छोड़ता है और कई एक्शन दृश्य दर्शकों को बांधे रखते हैं। फिल्म में मोना सिंह रेत माफिया बबली दीदी के किरदार में नजर आती हैं, जो अपने प्रभावशाली अभिनय से खौफ का माहौल बनाती हैं। हालांकि कमजोर पटकथा के कारण उनका किरदार पूरी तरह उभर नहीं पाता। आदित्य रावल ने प्रिंस नामक खलनायक की भूमिका निभाई है, जिसकी स्क्रीन प्रेजेंस प्रभावशाली है, लेकिन किरदार की गहराई कम दिखाई देती है। वहीं ‘पंचायत’ फेम फैजल मलिक गैंगस्टर-मैनेजर की भूमिका में संतुलन बनाते नजर आते हैं। सौरभ शुक्ला भी अपने किरदार में प्रभाव छोड़ते हैं और कुछ एक्शन दृश्यों में नजर आते हैं।
फिल्म में राधिका मदान सूबेदार की बेटी श्यामा की भूमिका निभा रही हैं, जो एक मजबूत और जुझारू लड़की के रूप में सामने आती है। कहानी में कई जगह कमजोरियां हैं, लेकिन दमदार एक्शन और अनिल कपूर की स्क्रीन प्रेजेंस फिल्म को देखने लायक बनाती है।