– काशी प्रवास के बाद 45 दिवसीय गौमतदाता संकल्प यात्रा पर बिहार जाएंगे शंकराचार्य
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
वाराणसी। परमधर्माधीश उत्तराम्नाय ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती 11 सितंबर को एक दिवसीय यात्रा पर काशी पधार रहे हैं। शंकराचार्य ने कहा है कि यदि कोई मतदाता ऐसे दल या प्रत्याशी को वोट देता है, जो बाद में गोकशी को बढ़ावा देता है, तो उसके पाप का भागी वह मतदाता भी होगा। इसलिए गोकशी के पाप से बचने और गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित कराने के संकल्प के लिए गौभक्त प्रत्याशियों को ही समर्थन देना चाहिए।
मुंबई में चातुर्मास व्रत अनुष्ठान संपन्न करने के बाद शंकराचार्य मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर जिले में ब्रह्मलीन द्वयपीठाधीश्वर स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती जी महाराज के समाराधना महोत्सव में सम्मिलित होकर परमहंसी गंगा आश्रम से काशी पहुंचेंगे। मीडिया प्रभारी संजय पांडेय ने जानकारी दी कि काशी में एक दिवसीय प्रवास के उपरांत शंकराचार्य 45 दिवसीय गौमतदाता संकल्प यात्रा के लिए बिहार प्रस्थान करेंगे। इस यात्रा के दौरान वे हर जिले और गांव में जाकर सनातन धर्मावलंबियों से संवाद करेंगे और उन्हें गौभक्त प्रत्याशियों को ही वोट देने के लिए प्रेरित करेंगे। बिहार में इस यात्रा को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है। लोग शंकराचार्य जी महाराज के स्वागत और गौमतदाता संकल्प यात्रा से जुड़ने की तैयारी में जुट गए हैं।