वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
वाराणसी। काशी में मणिकर्णिका घाट पर आयोजित होने वाली मसाने की होली को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। काशी विद्वत परिषद के बाद अब डोम राजा परिवार ने भी इस आयोजन का विरोध किया है। परिवार के सदस्यों ने मंगलवार को जिलाधिकारी और पुलिस कमिश्नर कार्यालय पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई और मसाने की होली पर प्रतिबंध लगाने की मांग की।
डोम राजा परिवार का कहना है कि किसी भी पुराण या प्राचीन शास्त्र में मसाने की होली की परंपरा का उल्लेख नहीं मिलता। उन्होंने आरोप लगाया कि पौराणिक मान्यताओं के नाम पर महाश्मशान में हुड़दंग और अराजकता फैलती है, जिससे धार्मिक स्थल की गरिमा प्रभावित होती है। परिवार के प्रतिनिधियों ने प्रशासन से मांग की कि मणिकर्णिका घाट पर झांकी निकालने और चिताओं की भस्म से होली खेलने की अनुमति न दी जाए।
परिवार के सदस्यों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई तो वे विरोध प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे। उनका कहना है कि महाश्मशान की परंपराओं और मर्यादाओं का सम्मान किया जाना चाहिए तथा वहां किसी भी प्रकार के आयोजन से पहले धार्मिक और सामाजिक पक्षों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।
प्रशासन की ओर से फिलहाल मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। मसाने की होली को लेकर शहर में पक्ष और विपक्ष के स्वर तेज होते जा रहे हैं, जिससे आगामी होली पर्व से पहले स्थिति संवेदनशील बनी हुई है।