वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। मनरेगा कर्मियों की समस्याओं और मांगों को लेकर एक प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रामाशीष राय से मुलाकात की। इस दौरान राष्ट्रीय लोकदल के राष्ट्रीय सचिव विजय श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष आदित्य विक्रम सिंह, तराई क्षेत्र के अध्यक्ष पी.के. पाठक तथा विद्याकांत शर्मा भी उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने मनरेगा कर्मियों को कार्य के दौरान आ रही कठिनाइयों से प्रदेश अध्यक्ष को अवगत कराते हुए वेतन वृद्धि, वेतन संबंधी विसंगतियों के निस्तारण और लंबित भविष्य निधि भुगतान को शीघ्र जारी करने की मांग रखी।
कर्मियों ने यह भी कहा कि कार्य के लिए आवश्यक इलेक्ट्रॉनिक गैजेट उपलब्ध कराए जाएं तथा घर से कार्यस्थल की दूरी को युक्तिसंगत बनाया जाए। इसके साथ ही बेहतर चिकित्सा सुविधाएं, बच्चों की शिक्षा में सहायता और सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की मांग भी उठाई गई। प्रतिनिधिमंडल ने केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा को “जी-राम-जी” नाम दिए जाने का स्वागत करते हुए वर्तमान 100 दिन के स्थान पर 125 दिन का रोजगार उपलब्ध कराने की मांग की।
प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रामाशीष राय ने आश्वासन दिया कि मनरेगा कर्मियों की मांगें पूरी तरह जायज हैं और राष्ट्रीय लोकदल हमेशा श्रमिकों के अधिकारों के लिए संघर्ष करता रहेगा। उन्होंने कहा कि इन सभी मुद्दों को सरकार के समक्ष मजबूती से उठाया जाएगा। राष्ट्रीय सचिव विजय श्रीवास्तव और प्रदेश उपाध्यक्ष आदित्य विक्रम सिंह ने भी मनरेगा कर्मियों को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।