वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
नई दिल्ली। गांधी जयंती के अवसर पर गुरुवार को दिल्ली के जंतर-मंतर पर लोकदल ने चुनावी प्रक्रिया, मतदाता अधिकार और लोकतांत्रिक संस्थाओं की जवाबदेही से जुड़े मुद्दों को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया। लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व एमएलसी चौधरी सुनील सिंह ने प्रदर्शन में हिस्सा लिया। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने चौधरी सुनील सिंह सहित किसानों और अन्य प्रदर्शनकारियों को बस में बैठाकर हिरासत में लिया।
चौधरी सुनील सिंह ने कहा कि मतदाता के अधिकार और लोकतांत्रिक संस्थाओं की जवाबदेही से जुड़े सवाल उठाना प्रत्येक नागरिक का लोकतांत्रिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि लोकदल महात्मा गांधी के सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों पर चलते हुए शांतिपूर्ण तरीके से लोकतांत्रिक संघर्ष जारी रखेगा। उन्होंने कहा कि गांधी जयंती पर जंतर-मंतर से शुरू किया गया जेल भरो आंदोलन किसानों, मजदूरों, युवाओं और आम मतदाताओं की आवाज को मजबूती देने के उद्देश्य से है। उनका कहना था कि सवाल उठाने और मताधिकार की रक्षा की मांग करने वाले लोगों को हिरासत में लेने से उनकी आवाज को दबाया नहीं जा सकता।
लोकदल अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी इंडिया गठबंधन के साथ लोकतांत्रिक अधिकारों, किसानों के हितों और मतदाताओं के सम्मान से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाती रहेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से शांतिपूर्ण और अहिंसक तरीके से आंदोलन जारी रखने की अपील की।
चौधरी सुनील सिंह ने कहा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि गांधीजी ने सत्य और अहिंसा के रास्ते पर संघर्ष करने की सीख दी और लोकदल उसी मार्ग पर लोकतांत्रिक अधिकारों की लड़ाई आगे बढ़ाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं है। उनके अनुसार, प्रदर्शन का उद्देश्य मतदाता के अधिकार, चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और लोकतांत्रिक जवाबदेही से जुड़े सवालों को उठाना है। प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कार्रवाई के बाद हिरासत में लिए गए लोगों को लेकर आगे की प्रक्रिया की जानकारी स्पष्ट नहीं हो सकी।