वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। गांधी जयंती के अवसर पर दो अक्टूबर को प्रदेश की ग्राम सभाओं में विशेष बैठकें आयोजित कर वीबी-जी राम जी योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने ग्राम्य विकास विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को योजना के प्रावधानों की जानकारी ग्रामीणों तक पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। पंचायत सचिव ग्राम सभा में योजना से जुड़े प्रमुख बिंदुओं को ग्रामीणों के सामने रखेंगे।
ग्रामीण विकास मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुसार ग्राम सभाओं में वीबी-जी राम जी योजना और विकसित ग्राम पंचायत प्लान (वीजीपीपी) पर विशेष चर्चा होगी। ग्राम्य विकास विभाग के आयुक्त प्रमोद कुमार उपाध्याय ने सभी मुख्य विकास अधिकारियों को इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
योजना के तहत ग्रामीण परिवारों को अब वर्ष में 125 दिनों के रोजगार की गारंटी का प्रावधान बताया गया है। काम की मांग के 15 दिनों के भीतर रोजगार नहीं मिलने पर बेरोजगारी भत्ते का प्रावधान है। गांवों की जरूरतों और प्राथमिकताओं के अनुसार 375 प्रकार के अनुमेय कार्यों में से कार्यों का चयन किया जा सकेगा। इनका उद्देश्य रोजगार उपलब्ध कराने के साथ गांवों में टिकाऊ परिसंपत्तियों का निर्माण करना है। मजदूरी का भुगतान सामान्यत: एक सप्ताह के भीतर और अधिकतम 15 दिनों में किए जाने का प्रावधान है। निर्धारित अवधि में भुगतान नहीं होने पर प्रावधानों के अनुसार विलंब क्षतिपूर्ति का अधिकार होगा।
विकसित ग्राम पंचायत प्लान के तहत गांव में आवश्यक कार्यों, उनकी प्राथमिकता और स्थान का निर्धारण ग्राम सभा के माध्यम से सामूहिक रूप से किया जाएगा। योजनाओं में पारदर्शिता के लिए सोशल ऑडिट की व्यवस्था में भी ग्राम सभा की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। दो अक्टूबर को होने वाले प्रचार-प्रसार कार्यक्रम के लिए राज्य, जिला और विकासखंड स्तर पर नोडल अधिकारी नामित किए गए हैं। विभाग के अनुसार वीबी-जी राम जी योजना का क्रियान्वयन देशभर में एक जुलाई 2026 से शुरू हो चुका है।