वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
वाराणसी। काशी में जलभराव की समस्या को लेकर नगर निगम ने बड़ी साजिश की आशंका जताई है। शिवाला, सरायनंदन, नगवा समेत करीब आधा दर्जन वार्डों की मुख्य सीवर लाइनों की सफाई के दौरान बालू से भरी बोरियां, पत्थर, लकड़ी का बुरादा, प्लाई और प्लास्टिक सामग्री ठूंसी मिली। आरोप है कि मुख्य सीवर लाइन को जानबूझकर जाम कर सहायक गलियों में सीवर ओवरफ्लो कराने का प्रयास किया गया। मामले में नगर निगम ने अज्ञात लोगों के खिलाफ भेलूपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है।
शनिवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी और नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने पार्षदों व अधिकारियों के साथ शिवाला वार्ड में अग्रवाल रेडियो के पास मौके का निरीक्षण किया। महापौर ने बताया कि शुक्रवार रात सीवर लाइन की सफाई के दौरान करीब 12 बोरी बालू निकाली गई। उन्होंने इसे गंभीर मामला बताते हुए कहा कि सीवर में इस तरह बालू की बोरियां मिलना किसी साजिश की ओर संकेत करता है। नगर निगम क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर संदिग्धों की पहचान करेगा।
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने कहा कि सरकारी परिसंपत्तियों और सीवर लाइन से छेड़छाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने शहरवासियों से ऐसी गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल नगर निगम को सूचना देने की अपील की। जलकल विभाग के अधिशासी अभियंता ने भेलूपुर थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि रत्नाकर पार्क के पास मुख्य सीवर लाइन में बालू से भरे बोरे डालकर उसे चोक किया गया, ताकि जलभराव की स्थिति पैदा हो और नगर निगम व जलकल विभाग की छवि प्रभावित हो। निगम प्रशासन अब पूरे प्रकरण की जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपितों की पहचान में जुटा है।