वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
मुंबई। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को दावा किया कि 2029 से पहले भाजपा नेतृत्व वाले एनडीए के सभी 21 राज्यों में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू कर दी जाएगी। मुंबई में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि कई राज्यों में यूसीसी लागू हो चुका है और बाकी राज्यों में भी इसे लागू करने की दिशा में काम किया जा रहा है। यूसीसी के तहत विवाह, तलाक, विरासत और गोद लेने जैसे व्यक्तिगत मामलों के लिए धर्म से अलग समान कानून की व्यवस्था का प्रस्ताव है।
अमित शाह ने कहा कि केंद्र सरकार आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने अनुच्छेद 370, नक्सलवाद और पूर्वोत्तर की चुनौतियों का भी जिक्र किया।
मणिपुर में एनआरसी लागू करने के सवाल पर शाह ने कहा कि राज्य के नेताओं और राजनीतिक दलों के साथ बातचीत जारी है। इस संबंध में निर्णय होने के बाद जानकारी दी जाएगी। उन्होंने अवैध घुसपैठ के मुद्दे पर कहा कि सरकार अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें देश से बाहर करने के लिए प्रतिबद्ध है। भाषा विवाद पर गृह मंत्री ने मातृभाषा को प्राथमिकता देने की बात कही। उन्होंने कहा कि भाषा के मुद्दे पर लोगों के बीच मतभेद पैदा करने की कोशिश नहीं होनी चाहिए। विरोध प्रदर्शनों को लेकर उन्होंने कहा कि भारत लोकतांत्रिक देश है और लोगों के विरोध करने के अधिकार का सम्मान किया जाता है। आर्थिक प्रगति का उल्लेख करते हुए शाह ने कहा कि भारत अब दुनिया की शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। पहली तिमाही में जीडीपी वृद्धि दर 7.8 प्रतिशत रही है। उन्होंने कहा कि विदेश और रक्षा नीति में ‘इंडिया फर्स्ट’ को प्राथमिकता दी जा रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर शाह ने 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक ‘सेवा संकल्प अभियान’ चलाने की घोषणा की। इसमें भाजपा, एनडीए के सहयोगी दल, सामाजिक संगठन और आम लोग शामिल होंगे। अभियान के तहत गांवों से लेकर बूथ स्तर तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी अभियान में राज्य सरकार और सहयोगी दलों की भागीदारी की बात कही।