वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शंकराचार्य को लेकर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मुद्दे पर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि मंच से सनातन समाज की आस्था के प्रतीक पूजनीय शंकराचार्य के लिए बेहद आपत्तिजनक शब्द का इस्तेमाल किया जाना सत्ता के अहंकार को दर्शाता है।
अखिलेश यादव ने कहा कि सनातन समाज इससे पहले कभी इतना अपमानित महसूस नहीं करता था। उनके मुताबिक, इस टिप्पणी से समाज का धर्मप्रधान और विचारशील वर्ग दुखी है। उन्होंने कहा कि भाजपा का समर्थन करने वाले लोगों में भी इस घटना को लेकर लज्जा का भाव है। उन्होंने इसे समाज के सम्मान, गरिमा और प्रतिष्ठा के लिए चुनौती बताया। सपा अध्यक्ष ने कहा कि अब सनातन समाज अपने सम्मान की रक्षा के लिए सत्ता के अहंकार का जवाब देगा। उन्होंने भाजपा के राजनीतिक भविष्य को लेकर भी टिप्पणी की और आरोप लगाया कि सत्ताधारी पक्ष को अपनी हार का एहसास हो गया है।
अखिलेश ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में शंकराचार्य का लगातार अपमान हुआ है। उन्होंने शंकराचार्य के साथ किए गए व्यवहार को लेकर भाजपा को राजनीतिक परिणाम भुगतने की बात कही। हालांकि, अखिलेश यादव के बयान में जिस कथित टिप्पणी का उल्लेख किया गया है, उसका नाम या शब्द उन्होंने सार्वजनिक रूप से नहीं दोहराया। उन्होंने भाजपा की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए सत्ता के केंद्रीकरण और वर्चस्ववादी रवैये का भी आरोप लगाया। अखिलेश ने कहा कि अहंकार के दिन अब समाप्त हो चुके हैं और शंकराचार्य के साथ हुए व्यवहार को लेकर जनता के बीच असंतोष है।