– अर्जुन देव भारती ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस व विभिन्न पोर्टलों की उपयोगिता समझाई
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व और निर्देशन में दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्राम्य विकास संस्थान, बख्शी का तालाब लखनऊ में सरकारी, अर्द्धसरकारी विभागों के अधिकारियों-कर्मचारियों और रचनात्मक कार्यों से जुड़े लोगों को विभिन्न विषयों पर प्रशिक्षण देकर उन्हें और अधिक दक्ष व सक्षम बनाने का कार्य किया जा रहा है। महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू के संरक्षण तथा अपर निदेशक सुबोध दीक्षित और उपनिदेशक डॉ. बी.एल. मौर्य, डॉ. नीरजा गुप्ता, डॉ. सरिता गुप्ता व आर.के. मल्ल के निर्देशन में संस्थान में कई प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए।
संस्थान में 01 से 03 सितम्बर तक वित्तीय प्रबंधन एवं वित्तीय नियमों का अनुपालन, ई-ऑफिस, ट्रेनिंग मैनेजमेंट पोर्टल, मानव संपदा पोर्टल और जेम पोर्टल पर प्रशिक्षण आयोजित हुआ। इसी दौरान कृषि उत्पादक संगठनों और महिला कृषक संघों का क्षमता संवर्धन विषय पर भी प्रशिक्षण दिया गया। 01 से 05 सितम्बर तक भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों में तैनात सहायक अनुभाग अधिकारियों हेतु केंद्रीय सचिवालय प्रबंधन प्रशिक्षण संस्थान नई दिल्ली के सहयोग से ग्राम पंचायत स्तर पर व्यवहारिक अध्ययन का प्रशिक्षण हुआ। वहीं, 02 से 06 सितम्बर तक ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत नवचयनित डीआरपी-एमएफएफआई का प्री-विजनिंग प्रशिक्षण भी जारी है।
बुद्धा सभागार में आयोजित समापन समारोह में महानिदेशक एल. वेंकटेश्वर लू की अध्यक्षता में प्रख्यात शिक्षाविद् डॉ. किशन वीर सिंह शाक्य और संयुक्त सचिव सूचना प्रौद्योगिकी अर्जुन देव भारती ने प्रतिभागियों को संबोधित किया। डॉ. शाक्य ने मिशन कर्मयोगी से जुड़ी चुनौतियों और समाधान पर प्रकाश डाला जबकि अर्जुन देव भारती ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस व विभिन्न पोर्टलों की उपयोगिता समझाई।
अध्यक्षीय उद्बोधन में महानिदेशक लू ने गीता संवाद का उदाहरण देते हुए कर्मयोगी बनने की प्रेरणा दी। कार्यक्रम का संचालन डॉ. नवीन कुमार सिन्हा और धन्यवाद ज्ञापन उपनिदेशक डॉ. बी.एल. मौर्य ने किया। प्रशिक्षणों के सफल आयोजन में सहायक निदेशकों व संकाय सदस्यों का योगदान उल्लेखनीय रहा।