वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
वाराणसी। लोक निर्माण विभाग के डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ ने संदिग्ध सत्यनिष्ठा और भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई न होने पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। संघ की उच्चाधिकार समिति की बैठक में इं.एन.डी.द्विवेदी प्रदेश अध्यक्षए डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ ने बताया की सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि इन अधिकारियों पर कार्रवाई सुनिश्चित कराने के लिए प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा। संघ का कहना है कि कई बार शिकायतें भेजने के बावजूद उच्च स्तर से कोई कदम न उठाए जाने से भ्रष्ट अधिकारियों का मनोबल बढ़ रहा है, जिससे विभाग और सरकार की छवि धूमिल हो रही है। प्रभावित अवर अभियंता और सहायक अभियंता भी मानसिक दबाव झेल रहे हैं।
बैठक में उदाहरण देते हुए बताया गया कि मुरादाबाद के अधिशासी अभियंता कुलदीप संत की सत्यनिष्ठा संदिग्ध पाए जाने के बावजूद उन्हें संवेदनशील प्रांतीय खंड सहित दो अतिरिक्त खंडों का चार्ज सौंपा गया। देवरिया के अधिशासी अभियंता अनिल जाटव पर करोड़ों के फर्जी बजट और सप्लाई ऑर्डर जारी करने के आरोप होने के बावजूद कार्रवाई न होने पर भी नाराजगी जताई गई। वहीं श्रावस्ती के अधिशासी अभियंता सुनील कुमार पर बिना हस्ताक्षर बिल भुगतान, सरकारी वाहन के दुरुपयोग और अधीनस्थों का वेतन रोकने जैसे आरोप होने के बावजूद कोई कदम न उठाया गया। संघ ने मांग की है कि भ्रष्टाचार के मामलों में कठोर कार्रवाई की जाए, अन्यथा आंदोलन तेज किया जाएगा।