वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मखाना की खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने मखाना विकास योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 की कार्ययोजना तैयार कर भारत सरकार को प्रेषित कर दी है। अपर मुख्य सचिव उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग बी.एल. मीना ने बताया कि उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के निर्देशों के क्रम में 18.00 करोड़ रुपये की विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर राष्ट्रीय मखाना बोर्ड, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार को स्वीकृति हेतु भेजी गई है।
इस योजना के तहत किसानों को 2, 3 व 5 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। साथ ही प्रमुख मखाना उत्पादक राज्यों में किसानों और विभागीय अधिकारियों के भ्रमण की भी व्यवस्था प्रस्तावित की गई है, ताकि उन्हें खेती की आधुनिक तकनीकों का प्रत्यक्ष अनुभव मिल सके। कार्ययोजना में मखाना के प्रोसेसिंग, वैल्यू एडिशन और नवीनतम कृषि तकनीक की जानकारी देने के साथ-साथ किसान उत्पादों को राष्ट्रीय व राज्य स्तर पर मंच प्रदान करने के लिए बायर–सेलर मीट, राज्य व जिला स्तरीय गोष्ठियों का आयोजन भी शामिल है।
इसके अतिरिक्त 10.00 करोड़ रुपये की मांग विशेष तौर पर मखाना प्रोसेसिंग और वैल्यू चेन विकास कार्यों के लिए की गई है, जिससे किसानों के उत्पाद को बाज़ार से बेहतर जोड़ मिल सके और उनकी आय में वृद्धि सुनिश्चित हो सके। विभाग का मानना है कि यह योजना प्रदेश में मखाना की खेती को नई पहचान और किसानों को आर्थिक संबल प्रदान करने में सहायक सिद्ध होगी।