वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। अमेठी के उपायुक्त (श्रम रोजगार) शेर बहादुर से संबंधित सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो क्लिप के मामले में उत्तर प्रदेश शासन ने उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। शासन ने इस प्रकरण में गंभीरता दिखाते हुए तत्काल प्रभाव से श्री शेर बहादुर को प्रशासनिक आधार पर आयुक्त, ग्राम्य विकास विभाग, लखनऊ कार्यालय से सम्बद्ध कर दिया है।
सूत्रों के अनुसार, वायरल ऑडियो क्लिप में उपायुक्त श्रम रोजगार पर जनपद अमेठी के प्रधानों से धन मांगने और महापुरुषों के संबंध में अभद्र भाषा प्रयोग करने के आरोप सामने आए हैं। इस मामले का संज्ञान स्वयं उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लिया है और जांच की प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। शासन द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि आयुक्त, ग्राम्य विकास विभाग इस ऑडियो क्लिप में उल्लिखित बिंदुओं पर उच्च स्तरीय जांच कराएं और अपनी स्पष्ट संस्तुति सहित विस्तृत प्रस्ताव शासन को तत्काल उपलब्ध कराएं। निर्देशों के तहत शेर बहादुर को तत्काल आयुक्त, ग्राम्य विकास विभाग, लखनऊ में कार्यभार ग्रहण करने और कार्यभार प्रमाणक शासन को अविलंब उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है।
यह कदम प्रदेश शासन की उस नीति को रेखांकित करता है जिसके अंतर्गत भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता के आरोपों पर त्वरित और पारदर्शी कार्यवाही सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।