वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी असंगठित कामगार प्रकोष्ठ के चेयरमैन एवं पूर्व सांसद डॉ. उदित राज ने आज प्रदेश कांग्रेस कार्यालय, लखनऊ में आयोजित प्रेसवार्ता को संबोधित किया। इस दौरान कांग्रेस मीडिया विभाग के वाइस चेयरमैन मनीष श्रीवास्तव हिंदवी, राजकुमार तिवारी, डॉ. अंशू एंथोनी, विनोद पवार, आदित्य राजपूत और विजय भारद्वाज मुख्य रूप से मौजूद रहे।
प्रेसवार्ता में डॉ. उदित राज ने उत्तर प्रदेश सरकार पर मजदूर और कर्मचारियों के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा अनुसूचित जाति और जनजातियों के हितों की रक्षा और विकास के लिए काम किया, लेकिन बसपा सरकार ने सत्ता में आने पर उनके अधिकारों को कमजोर किया। उन्होंने 6 सितंबर 2011 के मायावती सरकार के उस आदेश का उल्लेख किया जिसमें एससी/एसटी के लिए बने छात्रावासों का 30 प्रतिशत हिस्सा सामान्य वर्ग को दे दिया गया था। उन्होंने कहा कि प्रदेश में करीब 266 छात्रावास हैं, जिनमें से अधिकांश कांग्रेस सरकारों ने बनवाए थे, और मौजूदा समय में एससी/एसटी छात्रों के लिए नए छात्रावासों की सख्त जरूरत है।
डॉ. उदित राज ने मांग की कि पिछड़े वर्ग के लिए भी लोहिया, ज्योतिबा फुले, सावित्री बाई फुले, फातिमा शेख और पेरियार जैसे समाज सुधारकों के नाम पर हजारों हॉस्टल बनाए जाने चाहिए। उन्होंने मायावती सरकार पर आरोप लगाया कि 2007 में जारी आदेश से एससी/एसटी एक्ट को कमजोर किया गया और 2011 में लखनऊ हाईकोर्ट का केस अदम पैरवी में हारकर लाखों कर्मचारियों को डिमोशन का सामना करना पड़ा।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ही एकमात्र पार्टी है जिसने वंचितों, मजदूरों और कमजोर वर्गों के अधिकारों की सच्चे अर्थों में रक्षा की है।