– मीडिया को सूचना विभाग की कठपुतली बताया, 1700 करोड़ के बजट पर उठाए सवाल
वेब वार्ता (न्यूज एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री और अपना दल (एस) के नेता आशीष पटेल ने राज्य के सूचना विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आशीष पटेल ने फेसबुक पर एक तीखी पोस्ट करते हुए कहा कि सूचना विभाग के ₹1700 करोड़ के बजट के दबाव में मीडिया उनके खिलाफ लगातार भ्रामक व आधारहीन खबरें चला रहा है।
आशीष पटेल ने लिखा है कि 1700 करोड़ के बजट का सही उपयोग करना हो तो रोज-रोज आधारहीन और राजनीतिक रूप से अमृत नेताओं के बयानों और झूठी सूचनाओं का गुलाम मत बनिए। एक दिन में झंझट ही खत्म करिए। उनकी यह पोस्ट न सिर्फ विभाग पर सीधा हमला है, बल्कि सरकार के भीतर सहयोगी दलों के बीच संभावित असहमति की ओर भी इशारा करती है।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब अपना दल (एस) के कुछ नेताओं ने पार्टी के भीतर मोर्चा खोल दिया है और मंत्री आशीष पटेल पर ही कई गंभीर आरोप लगाए हैं। अब मंत्री पटेल ने इसके लिए यूपी सूचना विभाग को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि विभाग के प्रभाव में कुछ मीडिया संस्थान जानबूझकर उनके खिलाफ लगातार नकारात्मक खबरें प्रसारित कर रहे हैं, जिससे उनकी छवि को नुकसान पहुंच रहा है।
क्या भाजपा और अपना दल (एस) के रिश्ते में दरार आई है ?
गौरतलब है कि आशीष पटेल न केवल यूपी सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं, बल्कि भाजपा के गठबंधन सहयोगी दल के वरिष्ठ नेता भी हैं। ऐसे में उनका यह तीखा बयान केवल व्यक्तिगत नहीं बल्कि राजनीतिक हलचल का संकेत माना जा रहा है। इससे यह सवाल उठने लगे हैं कि क्या भाजपा और अपना दल (एस) के बीच सब कुछ ठीक नहीं है? क्या सरकार के भीतर सूचना प्रबंधन को लेकर मतभेद गहराते जा रहे हैं ?
इस पूरे विवाद पर उत्तर प्रदेश सरकार के सूचना विभाग की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लेकिन आशीष पटेल के इस खुले आरोप ने विपक्ष को हमला करने का नया मौका जरूर दे दिया है। मंत्री की नाराजगी सिर्फ मीडिया रिपोर्टिंग को लेकर नहीं है, बल्कि सरकार के सूचना तंत्र की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े करती है। गठबंधन राजनीति में इस तरह की खुली बयानबाजी भविष्य में समन्वय की चुनौतियों को बढ़ा सकती है।