वेब वार्ता (न्यूज एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। बच्चों को भिक्षावृत्ति से मुक्त कराने व उनके परिवारों का चिन्हाकंन करने के साथ ही पुनर्वासन की कार्यवाही के प्रगति की समीक्षा हेतु बैठक में जिलाधिकारी ने सख्त निर्देष दिए।
कलेक्ट्रेट सभागार में षुक्रवार को जिलाधिकारी विशाख जी0 की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिलाधिकारी ने बाल भिक्षावृत्ति के रोकथाम हेतु गठित टॉस्क फोर्स के कार्यों की समीक्षा करते हुए अभियान को स्वैच्छिक संगठनों के सहयोग से दु्रत गति से संचालित करने के निर्देष दिए।
चिन्हित चैराहे: हजरतगंज, सिकंदरबाग, बर्लिंग्टन चैराहा, हुसैनगंज, चारबाग, अवध चैराहा, आलमबाग, फीनिक्स माल, इन्दिरागांधी प्रातिष्ठान/ पॉलीटेक्निक, अलीगंज/ कपूरथला, इन्जीनियरिंग कॉलेज/ टेढ़ीपुलिया चैराहा, अर्जुनगंज, तेलीबाग, भूतनाथ, लालबत्ती, बंदरियाबाग।
बैठक में जिलाधिकारी ने स्वैच्छिक संगठनों व टॉस्क फोर्स द्वारा चिन्हांकित किये गये बच्चों को नजदीकी सरकारी विद्यालयों में दाखिल कराने के साथ ही मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना/ स्पॉन्सरशिप योजना के पात्रता की जॉच कराकर लाभान्वित कराये जाने हेतु जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देशित किया गया। बच्चें व व्यक्तियों जो नशे के प्रभाव में हैं, को नशा मुक्ति केन्द्र के माध्यम से पुनर्वासित कराये जाने हेतु जिला समाज कल्याण अधिकारी को नोडल अधिकारी नामित करते हुए नशा मुक्ति केन्द्रों की सूची तैयार कराकर मैपिंग कराते हुए पुनर्वासन की कार्यवाही कराये जाने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही आमजन को बाल भिक्षावृत्ति में बढ़ावा न देने के सम्बन्ध में जागरूक करने के लिए प्रचार-प्रसार के लिए समाचार पत्रों एवं रेडियों पर जनपद के प्रतिष्ठित लोगों/ समाज सेवीजनों के माध्यम से अपील हेतु सत्र आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि गर्मी के मौसम में प्रातः 8ः30 से 11ः30 तक और शाम के समय 4ः30 से 7ः30 बजे तक टीमों द्वारा चैराहों पर निगरानी करते हुए बाल भिक्षावृत्ति पर रोक लगाई जाए।
उम्मीद संस्था के संस्थापक बलजीत सिंह ने कहा कि उक्त के साथ ही अभियान के दौरान भिक्षावृत्ति में बाहर से आए बच्चों को बार-बार संलिप्त करने वाले व्यक्तियों का चिन्हाकन करते हुए उन पर कानूनी कार्यवाही / मुकदमा दर्ज कराने का निर्णय सराहनीय रहा।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, अपर नगर मजिस्ट्रेट, प्रथम, द्वितीय, पंचम, सप्तम, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी, अध्यक्ष, बाल कल्याण समिति, प्रभारी एन्टी ह्यूमन टैफिकिंग यूनिट, सेन्टर मैनेजर, वन स्टाप सेन्टर, प्रोजेक्ट कोर्डिनेटर, चाइल्ड हेल्पलाइन, उम्मीद संस्था के प्रतिनिधि मौजुद रहे।