वेब वार्ता (न्यूज एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। आज दिनांक 31 जनवरी को महानगर पुलिस स्टेशन में थानाध्यक्ष अखिलेश मिश्रा के द्वारा नन्हे परिंदे परियोजना का शुभारंभ किया गया। इस परियोजना के तहत लखनऊ में 12 स्थानों पर तीन मोबाइल एजुकेशन वैन चलाई जाएगी। यह तीन मोबाइल एजुकेशन वैन शिक्षा के विभिन्न साधनों से सुसज्जित हैं।
चेतना संस्था (चाइल्डहुड एन्हांसमेंट ट्रेनिंग एंड एजुकेशन) के निदेशक संजय गुप्ता ने बताया कि इस वैन में बच्चों को पढ़ने हेतु सभी सामग्रियां जैसे बैठने के लिए कुर्सियां, लिखने के लिए कॉपी पेंसिल, किताबें, लाइब्रेरी, खेलकूद का सामान, वर्कशीट्स आदि का सामान उपलब्ध कराया गया है। इसके अलावा ये गाड़ीया सीसीटीवी कैमरा से सुसज्जित है। साथ ही इसमें टीवी और स्पीकर्स भी लगाए गए हैं ताकि बच्चों को ऑडियो विजुअल ऐड से पढ़ाया जा सके। हर वैन पे दो शिक्षक, एक ड्राइवर और एक हेल्पर होंगे।
थानाध्यक्ष अखिलेश मिश्रा ने बताया कि पुलिस कमिश्नरेट लखनऊ कमिश्नर अमरेंद्र सिंह सेंगर के मार्गदर्शन व सहयोग से, डीसीपी (महिला एवं बाल कल्याण) रवीना त्यागी के मार्ग निर्देशन में यह परियोजना शुरू हुई है। इस परियोजना के तहत लगभग 600 बच्चे एक साल में लाभान्वित होंगे और यह सभी बच्चे वह बच्चे होंगे जो किसी न किसी कारण की वजह से स्कूल नहीं जा पाते हैं
थानाध्यक्ष अखिलेश मिश्रा ने बताया कि बसन्त पंचमी यानी कि शिक्षा की देवी मां सरस्वती के स्मरण दिवस से पहले यह एक बेहतरीन पहल है क्योंकि इसके द्वारा जो बच्चे शिक्षा के अभाव में क्राइम में संलिप्त हो जाते हैं, उनकी रोकथाम हो सकेगी। उन्होंने बताया कि इस कार्य में 12 स्थान पर उपलब्ध पुलिस थानों के कर्मी इन बच्चों के साथ समय-समय पर बात करेंगे, उनको बाल कानून की जानकारी देंगे और उनकी सुरक्षा और संरक्षण के लिए पुलिस द्वारा किए जा रहे कार्यों के बारे में जानकारी देते रहेंगे। इस अवसर पर ठंड से राहत नाम का एक कार्यक्रम भी शुभारंभ हुआ जिसमें, थानाध्यक्षए भ्ब्स फाउंडेशन व चेतना संस्था द्वारा 30 महिलाओं को कंबल वितरित किए गए और ऐसे ही लगभग परिवारों को 2000 कंबल, 3200 तिरपाल, 600 बच्चों को जैकेट आदि वितरित की जाएगी।
कार्यक्रम के उद्घाटन के समय लगभग 45 बच्चे 30 महिलाएं, महानगर पुलिस स्टेशन के पुलिसकर्मी, चेतना संस्था से सृष्टि, मीनाक्षी, उमाशंकर, भ्ब्स् फाउंडेशन के शशांक विनीत, अंजलि आदि मौजूद थे।