वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
मथुरा। वृंदावन के प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे के दौरान पुलिस और मंदिर के सेवायत गोस्वामियों के बीच विवाद की स्थिति पैदा हो गई। गोस्वामियों ने पुलिस पर कपड़े फाड़ने और अभद्रता का आरोप लगाया है। मामला तब उभरा जब वीआईपी दौरे के मद्देनजर जिला प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए मंदिर परिसर को खाली कराने की कार्रवाई शुरू की। इस प्रक्रिया में पीढ़ी दर पीढ़ी सेवा करने वाले गोस्वामी सेवायतों को भी बाहर जाने को कहा गया।
सूत्रों के अनुसार, सुरक्षा अधिकारियों और सेवायत गोस्वामियों के बीच इस दौरान तीखी बहस हुई। शिवराज गोस्वामी ने आरोप लगाया कि उनके साथ बदतमीजी की गई और कपड़े फाड़े गए। एक वीडियो में देखा जा सकता है कि एसपी क्राइम अवनीश मिश्रा और सेवायत जानी व रजत गोस्वामी के बीच लंबी बहस हुई। विवाद के बाद सेवायतों को मंदिर परिसर से बाहर कर दिया गया। इस व्यवहार से गोस्वामी परिवारों में भारी आक्रोश व्याप्त है और परिवारों के पुरुष एवं महिलाएं लामबंद होकर विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर हुए। सेवायत गोस्वामियों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी बात रखना चाहते थे, लेकिन अधिकारियों ने उन्हें मिलने की अनुमति नहीं दी।
गोस्वामियों ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस के रवैये से उनका सम्मान आहत हुआ। दूसरी ओर, पुलिस अधिकारियों से इस मामले में कोई टिप्पणी नहीं मिल सकी। घटना ने मंदिर प्रशासन, सुरक्षा व्यवस्था और वीआईपी दौरे के दौरान व्यवहार को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मंदिर परिसर में उत्पन्न तनाव और गोस्वामी परिवारों की नाराजगी के कारण स्थानीय प्रशासन पर भी दबाव बढ़ गया है। घटना के बाद मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है, ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके।