वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा नई दिल्ली स्थित दिल्ली हाट में “विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश” की थीम पर उत्तर प्रदेश दिवस-2026 का भव्य आयोजन शनिवार को किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की सांस्कृतिक, सामाजिक और विकासात्मक उपलब्धियों को व्यापक रूप से जन-जन तक पहुँचाना था। उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे और उन्होंने प्रदेश की समृद्ध संस्कृति, पर्यटन, कला, परंपराओं तथा सामाजिक योगदान पर प्रकाश डाला।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का दिल और आत्मा है। वर्ष 2017 से 2026 तक प्रदेश ने यह सिद्ध कर दिया है कि यह संभावनाओं से भरपूर है। उन्होंने कहा कि रामकृष्ण, गौतम बुद्ध और महावीर की ज्ञानभूमि, बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी, भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या और तीर्थराज प्रयाग जैसी धरोहरें प्रदेश की गौरवशाली पहचान हैं। उन्होंने कुंभ मेला और माघ मेला जैसे विश्वविख्यात आयोजनों का उल्लेख करते हुए कहा कि देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु हर वर्ष इन आयोजनों में भाग लेते हैं। कार्यक्रम के दौरान डॉ. वेदपति मिश्रा, महानिदेशक पर्यटन ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया। उत्तर प्रदेश दिवस पर कुंभ मेला पर आधारित कॉफी टेबल बुक का विमोचन किया गया। इसके अलावा दिल्ली-एनसीआर में निवासरत उत्तर प्रदेश के विशिष्ट व्यक्तियों को पर्यटन, शिक्षा, संस्कृति और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का सांस्कृतिक आकर्षण राधा-कृष्ण थीम पर आधारित प्रस्तुतियों में परिलक्षित हुआ। लोकनृत्य, संगीत और कला के मनमोहक प्रदर्शन ने उपस्थित अतिथियों और दर्शकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम में श्रीलंका, मॉरीशस, कनाडा, रूस, सिंगापुर सहित विभिन्न देशों के माननीय राजदूतगण भी उपस्थित रहे। यह आयोजन उत्तर प्रदेश की समृद्ध विरासत और विकासशील स्वरूप को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित करने का सशक्त माध्यम साबित हुआ।