– लखनऊ ने रचा फिटनेस का नया इतिहास
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
लखनऊ। राजधानी लखनऊ की सड़कों ने रविवार को ऊर्जा, उत्साह और एकता का अनोखा संगम देखा, जब एसके लखनऊ मैराथन 2025 ने शहर को फिटनेस और जागरूकता के नए रंग में रंग दिया। इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ इवेंट मैनेजमेंट (आईआईईएमआर), एसके फाइनेंस और संस्कृति युवा संस्थान द्वारा आयोजित इस भव्य आयोजन में हजारों धावकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और ‘लखनऊ मुस्कराएगा भी, दौड़ेगा भी’ की थीम को साकार किया।
मैराथन की शुरुआत 1090 चौराहे से सेलिब्रिटी गेस्ट रणविजय और योगा एसोसिएशन ऑफ इंडिया के चेयरमैन नीरज सिंह द्वारा फ्लैग-ऑफ के साथ हुई। ताज़ी सुबह की हवा में उठते कदमों ने न केवल शहर की रफ्तार बढ़ाई बल्कि ट्रैफिक जागरूकता, महिला सुरक्षा और स्वस्थ जीवन शैली का संदेश भी दिया। 21 किमी, 10 किमी और 4 किमी की तीन श्रेणियों में धावकों ने अपनी क्षमता और उत्साह का शानदार प्रदर्शन किया। युवा, महिला धावक, प्रोफ़ेशनल रनर्स और पहली बार भाग लेने वाले प्रतिभागियों में फिटनेस को लेकर खास जोश देखने को मिला।
आयोजन में गेस्ट ऑफ ऑनर नीरज सिंह, रणविजय, एसके फाइनेंस के होल टाइम डायरेक्टर यश सेतिया, चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर अमनप्रीत सिंह बत्रा और आईआईईएमआर निदेशक मुकेश मिश्रा की मौजूदगी ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। शहर के अनुभवी पेसरों अक्षय मेहता, अमित सिंह, माया, संजीव सज्जन, रचना जोशी, हामिद रज़ा और अजीत सिंह ने प्रतिभागियों को गति बनाए रखने में सहयोग दिया। 4 किमी की निशुल्क कैटेगरी में महिलाओं और विद्यार्थियों की रिकॉर्ड भागीदारी ने आयोजन के सामाजिक संदेश को और मजबूती दी। मार्ग के विभिन्न हिस्सों पर लाइव म्यूज़िक, वॉलंटियरों का उत्साह और दर्शकों का समर्थन हर धावक के लिए बड़ी प्रेरणा बना।
विजेता धावकों को आकर्षक नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। 21 किमी हाफ मैराथन में पुरुष वर्ग में रजनीश, मनोहर निषाद और कलाम सिंह बिष्ट क्रमश: प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पर रहे, जबकि महिला वर्ग में रीना पटेल और प्रेमलता गुप्ता विजेता बनीं। 10 किमी श्रेणी में पुरुष वर्ग में इंद्रजीत, प्रदीप कुमार और टी हूजन तथा महिला वर्ग में खुशबू पटेल, हर्षिता और प्रेक्षी ने स्थान प्राप्त किया।
गेस्ट ऑफ ऑनर नीरज सिंह ने कहा कि मैराथन की असली खूबसूरती उस सामूहिक उत्साह में है जो पूरे शहर को एकजुट करता है। यश सेतिया और मुकेश मिश्रा ने भी शहर की ऊर्जा और जिम्मेदारी की भावना की सराहना की। एसके लखनऊ मैराथन 2025 केवल एक दौड़ नहीं, बल्कि लखनऊ की सकारात्मक सोच, जागरूकता और सामूहिक भावना का उत्सव बनकर सामने आई।