वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
वाराणसी। वाराणसी में चोरी की घटनाएँ लगातार बढ़ती जा रही हैं और पुलिस की चौकसी पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ताज़ा मामला रामनगर थाना क्षेत्र का है, जहाँ असम के राज्यपाल लक्ष्मण आचार्य के पड़ोसी के घर मंगलवार देर रात लाखों रुपये के जेवरात की चोरी हो गई। घटना स्थल राज्यपाल के सरकारी आवास से महज़ कुछ ही दूरी पर है, जहाँ चौबीसों घंटे पुलिस की तैनाती रहती है। इस वजह से इलाके के लोगों में गहरा भय और आक्रोश व्याप्त है।
जानकारी के अनुसार, मोहताज खाना निवासी जवाहरलाल द्विवेदी रात में अपनी पत्नी पुष्पा के साथ सो रहे थे। इसी दौरान चोर पीछे की दीवार फांदकर छत के रास्ते घर में घुसे और खुले दरवाज़े से अंदर जाकर अलमारी के नीचे रखे संदूक को उठा ले गए। बताया जा रहा है कि संदूक में दो 10 ग्राम और तीन 2 ग्राम के सोने के सिक्के सहित अन्य कीमती जेवरात थे।
घटना की सूचना पर मौके पर पहुँची पुलिस ने फॉरेंसिक और क्राइम टीम को बुलाकर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष दुर्गा सिंह ने बताया कि मामला संदिग्ध लग रहा है और पुलिस कई कोणों से जांच कर रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में चोरियों की श्रृंखला लगातार बढ़ रही है, लेकिन पुलिस किसी भी मामले का खुलासा नहीं कर पा रही। कुछ ही दिनों पहले सीतापुरी कॉलोनी, विश्वमित्र पुरम और पुराना रामनगर में भी चोरों ने कई घरों को निशाना बनाया था — यहाँ तक कि सेना के सूबेदार और उपनिरीक्षक जैसे सुरक्षाकर्मी भी इसकी चपेट में आए। निवासियों ने कहा कि जब राज्यपाल के पड़ोस तक सुरक्षित नहीं है, तो आम नागरिकों की सुरक्षा की गारंटी कौन देगा। लगातार होती वारदातों और पुलिस की निष्क्रियता ने लोगों का भरोसा डगमगा दिया है।