वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
गोरखपुर। गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव के बीच भाजपा के एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह के बगावती तेवर ने सियासी सरगर्मी बढ़ा दी है। मतदान के दिन सपा प्रत्याशी डॉ. संजय त्रिपाठी से उनकी मुलाकात के बाद उनके राजनीतिक रुख को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, देवेंद्र प्रताप सिंह ने साफ कहा है कि वह कहीं जाने वाले नहीं हैं। उन्होंने अपने कदम को अपमान का प्रतिकार बताया है।
शिक्षक एमएलसी चुनाव से ठीक पहले भाजपा के शिक्षक संवाद सम्मेलन में मंच पर चढ़ने के दौरान क्षेत्रीय अध्यक्ष से उनकी कथित नोकझोंक चर्चा में रही थी। इसके बाद मतदान के दिन सपा प्रत्याशी के साथ बैठकर बातचीत करने से राजनीतिक अटकलों को और हवा मिल गई। भाजपा के कुछ नेता इसे सोची-समझी रणनीति और सपा से नजदीकी बढ़ने के संकेत के तौर पर देख रहे हैं।
भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष विनोद राय ने कहा कि देवेंद्र प्रताप सिंह के साथ उनकी कोई नोकझोंक नहीं हुई थी। उन्होंने दावा किया कि देवेंद्र प्रताप सिंह सपा में जाने की तैयारी कर रहे हैं और इसकी योजना पहले से बनाई गई है। राय के मुताबिक, उन्होंने इस घटनाक्रम की जानकारी पार्टी नेतृत्व को दे दी है। अब इस मामले में फैसला प्रदेश नेतृत्व को करना है।
विनोद राय ने यह भी कहा कि उन्होंने तय किया है कि देवेंद्र प्रताप सिंह को पार्टी की बैठकों और कार्यक्रमों में आमंत्रित नहीं किया जाएगा। इस बयान के बाद भाजपा के भीतर चल रही खींचतान की चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, देवेंद्र प्रताप सिंह की ओर से सपा में जाने की किसी औपचारिक घोषणा की जानकारी सामने नहीं आई है। अब सबकी निगाहें भाजपा नेतृत्व के अगले कदम पर टिकी हैं।