– केन्द्र और राज्य कर्मी पुरानी पेंशन बहाली के लिए एकमत।
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। पूर्व वर्ष की परंपरा को निभाते हुए इस वर्ष भी डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ भवन परिसर में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद द्वारा नववर्ष एवं खिचड़ी भोज कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता इं. अमरनाथ यादव ने की, जबकि मुख्य अतिथि नार्दन मेन्स यूनियन के महासचिव कामरेड शिवगोपाल मिश्रा रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में इं. हरि किशोर तिवारी उपस्थित रहे। आयोजन में केंद्र एवं राज्य कर्मचारी संगठनों के सैकड़ों पदाधिकारियों और प्रतिनिधियों ने सहभागिता करते हुए पुरानी पेंशन बहाली सहित अन्य कर्मचारी हितों पर अपने विचार साझा किए।
कार्यक्रम के संयोजक एवं कार्यवाहक अध्यक्ष इं. एन.डी. द्विवेदी ने सभी अतिथियों और संगठनों का स्वागत करते हुए कहा कि कर्मचारी संगठनों की एकजुटता से ही आंदोलन को मजबूती मिलती है। उन्होंने बताया कि आठवें वेतन आयोग और पुरानी पेंशन से जुड़े मुद्दों पर केंद्र सरकार द्वारा गठित उच्च स्तरीय समितियों में कर्मचारी पक्ष मजबूती से रखा जा रहा है।
मुख्य अतिथि कामरेड शिवगोपाल मिश्रा ने कहा कि आठवें वेतन आयोग के गठन के पीछे वर्षों की सतत लड़ाई और आंदोलन रहे हैं। उन्होंने बताया कि पुरानी पेंशन बहाली के लिए पिछले एक दशक से अधिक समय से रैलियों, धरना-प्रदर्शनों और बड़े आंदोलनों के माध्यम से सरकार का ध्यान आकर्षित किया गया, जिसके परिणामस्वरूप वार्ता की प्रक्रिया शुरू हुई। उन्होंने यूपीएस मॉडल का उल्लेख करते हुए कहा कि इसमें अंतिम वेतन का 50 प्रतिशत पेंशन और महंगाई भत्ता जैसी व्यवस्थाएं पुरानी पेंशन के अनुरूप हैं, हालांकि कुछ कमियों को दूर करने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर इं. हरि किशोर तिवारी ने कहा कि कर्मचारियों को अपने अधिकार संगठित आंदोलन से ही प्राप्त होते हैं। खिचड़ी भोज कार्यक्रम में विभिन्न कर्मचारी संगठनों के अनेक वरिष्ठ नेताओं ने भी अपने विचार रखते हुए पुरानी पेंशन बहाली की मांग पर एकजुटता जताई।