– बसों में सभी उपकरण कार्यरत हों, यात्रियों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता: दयाशंकर सिंह
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के परिवहन राज्यमंत्री दयाशंकर सिंह ने शरद ऋतु एवं ठंड के मौसम में बसों के सुरक्षित एवं नियंत्रित संचालन को लेकर परिवहन निगम के अधिकारियों को विशेष निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि इस मौसम में कुहरे, फिसलन एवं दृश्यता में कमी के कारण दुर्घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है, इसलिए बसों के संचालन में अधिकतम सावधानी बरती जाए।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी चालकों एवं परिचालकों का प्रशिक्षण कराया जाए, ताकि वे सुरक्षित संचालन से संबंधित सभी आवश्यक जानकारी एवं तकनीकी दक्षता प्राप्त कर सकें। उन्होंने कहा, “प्रत्येक यात्री की सुरक्षा प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। बसों को संयमित गति से चलाया जाए और सभी चालक सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करें, ताकि यात्री सुरक्षित रूप से अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।”
श्री सिंह ने स्पष्ट किया कि किसी भी परिस्थिति में बसों के सुरक्षा उपकरणों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रत्येक बस में निर्धारित क्वालिटी के रेट्रोरिफ्लेक्टिव टेप आगे और पीछे अवश्य लगाए जाएं। साथ ही सभी बसों की विद्युत वायरिंग, हेडलाइट, बैकलाइट, इंडीकेटर, साइड मिरर, हार्न एवं अन्य उपकरण पूर्ण रूप से कार्यरत रहें। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि बसों में ऑलवेदर बल्ब, कार्यशील वाइपर, साफ-सुथरे खिड़की के शीशे, तथा अग्निशमन यंत्र और प्राथमिक उपचार किट अनिवार्य रूप से उपलब्ध रहें। परिवहन मंत्री ने कहा कि क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (RTO) बस अड्डों और मार्गों का नियमित निरीक्षण करें और यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक बस निर्धारित सुरक्षा मानकों का पूर्णतः पालन कर रही हो।
श्री सिंह ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता सर्वोपरि है और परिवहन विभाग इस दिशा में हर आवश्यक कदम उठा रहा है ताकि नागरिकों को सुरक्षित, विश्वसनीय और आरामदायक यात्रा का अनुभव मिल सके।