– 13 अक्टूबर को प्रयागराज में राज्य स्तरीय कला उत्सव
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से राज्य स्तरीय कला उत्सव 2025-26 का आयोजन 13 अक्टूबर को सेंट एन्थोनी कान्वेंट गर्ल्स इंटर कॉलेज, प्रयागराज में किया जाएगा। इस आयोजन में प्रदेश के 18 मंडलों से चयनित 426 विद्यार्थी अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे, जिनमें 289 बालिकाएँ, 137 बालक और 3 दिव्यांग विद्यार्थी शामिल हैं। राज्य स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त प्रतिभागी राष्ट्रीय स्तर के कला उत्सव में उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगे।
कला उत्सव का विषय “विकसित भारत – वर्ष 2047 के भारत की परिकल्पना” रखा गया है। इस वर्ष प्रतियोगिता की संरचना में बदलाव करते हुए कला विधाओं की संख्या 6 से बढ़ाकर 12 की गई है, ताकि एकल और समूह दोनों श्रेणियों के प्रतिभागियों को समान अवसर मिल सके। प्रतियोगिताओं में संगीत (गायन व वादन), नृत्य (शास्त्रीय व लोक), नाटक, दृश्यकला (द्वि-आयामी एवं त्रि-आयामी) और पारंपरिक कहानी वाचन जैसी विधाएँ शामिल की गई हैं।
अपर मुख्य सचिव माध्यमिक शिक्षा विभाग, पार्थ सारथी सेन शर्मा ने बताया कि कला उत्सव चार चरणों — जिला, मंडल, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। जिला स्तर पर 75 जनपदों के 1852 विद्यालयों के 10,692 विद्यार्थियों ने भाग लिया, जिनमें 36 दिव्यांग विद्यार्थी भी शामिल रहे। मंडल स्तरीय प्रतियोगिताएँ 20 सितम्बर तक संपन्न कराई गईं। समग्र शिक्षा अभियान के अंतर्गत इस आयोजन के लिए भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय ने 14 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की है, जिसमें से प्रयागराज जनपद को राज्य स्तरीय आयोजन के लिए 4.23 लाख रुपये प्रदान किए गए हैं। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों में रचनात्मकता, सहभागिता और समावेशी शिक्षा की भावना को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।