वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने बुधवार को सेना के 32 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को “सर्टिफिकेट इन बेकरी एंड कन्फेक्शनरी” प्रशिक्षण पूर्ण करने पर प्रमाणपत्र प्रदान किए। यह प्रशिक्षण खाद्य प्रसंस्करण निदेशालय के अधीन कार्यरत संस्था रीजनल फूड रिसर्च एंड एनालिसिस सेंटर (आर-फ्रैक), लखनऊ द्वारा रक्षा मंत्रालय के डायरेक्टर जनरल री-सेटलमेंट के सहयोग से आयोजित किया गया। इसमें 26 आर्मी, 5 नेवी और 1 एयरफोर्स के अधिकारियों-कर्मचारियों ने 16 सप्ताह का प्रशिक्षण प्राप्त किया।
अपने कैम्प कार्यालय, 7 कालिदास मार्ग पर आयोजित कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ने चार उद्यमियों को 9 करोड़ रुपये से अधिक की अनुदान राशि का डेमो चेक भी प्रदान किया और कुछ उद्यमियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि यह प्रशिक्षण सैनिकों के लिए स्वरोजगार और उद्यमिता की दिशा में नए अवसर खोलेगा। सेवानिवृत्ति के बाद भी ये जवान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत-2047” के संकल्प को पूरा करने में उद्योग और स्वावलंबन के माध्यम से योगदान देते रहेंगे।
श्री मौर्य ने कहा कि सेना ने सदैव देश का मान-सम्मान बढ़ाया है। प्रशिक्षण प्राप्त सैनिक भविष्य में अपने गांव और क्षेत्र के लिए प्रेरणास्रोत बनेंगे। उन्होंने कहा कि खाद्य प्रसंस्करण कृषि और उद्योग के बीच की सबसे अहम कड़ी है। किसानों के उत्पादों को बर्बाद होने से बचाकर उन्हें प्रोसेसिंग यूनिट तक पहुंचाना और उचित दाम दिलाना सरकार की प्राथमिकता है।
कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण बी.एल. मीणा, विशेष सचिव श्रीमती प्रेरणा शर्मा, निदेशक बी.डी. राम, संयुक्त निदेशक सर्वेश कुमार, उपनिदेशक एम.पी. सिंह तथा आर-फ्रैक के निदेशक सुजीत राजभर सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। उपमुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि प्रशिक्षण प्राप्त सैनिक आत्मनिर्भर भारत और विकसित उत्तर प्रदेश के निर्माण में अहम भूमिका निभाएंगे।