वेब वार्ता (न्यूज एजेंसी)/ अजय कुमार वर्मा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में एक ओर योगी आदित्यनाथ सरकार गर्व के साथ सरयू तट पर 25 लाख दीये जलाकर दीपोत्सव मना रही है। वहीं दूसरी ओर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय इस पर सवाल उठा रहे हैं। बुधवार को अजय राय ने दीपोत्सव पर कहा कि एक दीये से भी भगवान की अराधना की जा सकती है। यह श्रद्धा और आस्था का सवाल है। उन्होंने कहा कि दीपोत्सव के बाद गरीब लोग तेल इकट्ठी करके घर ले जाते हैं और दीया हटाने के नाम पर उसे सरयू नदी के अंदर डाल दिया जाता है।
अयोध्या में भव्य दीपोत्सव को लेकर किए गए सवाल के जवाब में अजय राय ने कहा, मैं इतना ही कहना चाहूंगा कि दीपोत्सव जरूर होना चाहिए और अच्छा होना चाहिए। भव्यता के साथ होना चाहिए। हम लोगों के भगवान मर्यादा पुरुषोत्तम राम हैं। उन्होंने आगे कहा, एक दीया से भी भगवान की पूजा होती है। हम घर में भगवान की पूजा करते हैं। एक दीपक जलाकर भगवान की अराधना करते हैं। मैं ये कह रहा हूं कि 25 लाख दीये आप जलाएंगे। एक दीये से भी पूजा हो सकती है। आस्था का प्रश्न है। श्रद्धा का प्रश्न है। अजय राय ने आगे कहा कि दीपोत्सव के बाद का दृश्य आप देखिएगा। गरीब बच्चे उस तेल को इकट्ठा करके उसे अपने घर ले जाते हैं। तमाम दीया को जिस तरीके से हटाने का काम किया जाता है। सरयू नदी के अंदर डालेंगे या कहीं और ले जाएंगे। एक दीया जलाकर भी भगवान की पूजा की जा सकती है। यह आस्था और श्रद्धा का भाव है। योगी आदित्यनाथ के बटेंगे तो कटेंगे के नारे पर किए गए सवाल के जवाब में अजय राय ने इसे दिखावटी चीज बताया।