वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश को प्रमुख औद्योगिक और विनिर्माण केंद्र बनाने की मुहिम को बड़ी सफलता मिली है। प्रदेश की एफडीआई नीति-2023 से आकर्षित होकर वैश्विक पैकेजिंग कंपनी क्राउन होल्डिंग्स की भारतीय इकाई क्राउन पैकेजिंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड ने उन्नाव के इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग एंड लॉजिस्टिक्स क्लस्टर (आइएमएलसी) में अपने पहले ग्रीनफील्ड एल्युमिनियम बेवरेज कैन विनिर्माण संयंत्र का भूमिपूजन किया। करीब 2,078.44 करोड़ रुपये के निवेश से बनने वाला यह संयंत्र भारत में क्राउन होल्डिंग्स की पहली विनिर्माण इकाई होगी।
करीब 40 एकड़ में प्रस्तावित अत्याधुनिक प्लांट की शुरुआती स्थापित क्षमता 116.2 करोड़ कैन प्रतिवर्ष होगी। इसे आगे बढ़ाकर 178.6 करोड़ कैन सालाना तक किया जा सकेगा। पहले वर्ष में करीब 67 करोड़ कैन उत्पादन का अनुमान है, जो नौवें-दसवें वर्ष तक बढ़कर लगभग 170 करोड़ कैन प्रतिवर्ष पहुंच सकता है। संयंत्र से पेय पदार्थ उद्योग की पैकेजिंग जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
परियोजना से 200 से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष और 1,500 से अधिक लोगों को अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। लॉजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग, परिवहन, रखरखाव और स्थानीय वेंडर नेटवर्क में भी कारोबार और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
भूमिपूजन समारोह में औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता ‘नंदी’ ने कहा कि प्रदेश में अब केवल औद्योगिक परियोजनाओं का पंजीकरण नहीं हो रहा, बल्कि उन्हें तेजी से धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने कहा कि उन्नाव में क्राउन की परियोजना अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के उत्तर प्रदेश के औद्योगिक इकोसिस्टम पर बढ़ते भरोसे का प्रमाण है।
क्राउन पैकेजिंग इंडिया प्राइवेट लिमिटेड का गठन मार्च 2026 में हुआ है और यह क्राउन होल्डिंग्स की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी है। सरकार के अनुसार, उद्योग अनुकूल नीतियों, बेहतर कनेक्टिविटी और मजबूत आधारभूत ढांचे से यूपी निवेश का पसंदीदा ठिकाना बन रहा है। क्राउन का निवेश पैकेजिंग के साथ एमएसएमई, सप्लाई चेन और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र को भी नई गति देगा।