वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। संवेदनशील स्थानों की निगरानी से जुड़ी सीसीटीवी फीड कथित तौर पर पाकिस्तानी हैंडलर्स तक पहुंचाने के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने 13 आरोपियों के खिलाफ एनआईए की विशेष अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया है। आरोपियों पर देश की सुरक्षा से खिलवाड़ करने और संदिग्ध पाकिस्तानी संगठन से जुड़े होने का आरोप है। मामले में अब तक 21 आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है, जबकि पांच नाबालिग आरोपियों के खिलाफ भी एनआईए ने कार्रवाई की है।
जांच के मुताबिक, आरोपियों ने दिल्ली कैंट रेलवे स्टेशन पर 15 फरवरी 2026 को सोलर पैनल से संचालित कैमरा लगाया था। आरोप है कि इस कैमरे की लाइव फीड पाकिस्तानी हैंडलर्स को भेजी जा रही थी। इसी तरह 25 फरवरी को सोनीपत रेलवे स्टेशन पर भी सीसीटीवी कैमरा लगाए जाने और उसकी फीड कथित तौर पर पाकिस्तानी संगठन तक पहुंचाने का आरोप है।
जांच एजेंसी के अनुसार, आरोपियों द्वारा भारतीय सिम कार्ड का इस्तेमाल किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। 12 सिम कार्ड कथित तौर पर दुबई भेजे गए थे। इन्हें जूतों में छिपाकर भेजने का आरोप है। इसके अलावा सैन्य ठिकानों की वीडियो बनाने और जीपीएस मैप से जुड़े कैमरों के माध्यम से संवेदनशील क्षेत्रों की रिकॉर्डिंग करने के आरोप भी जांच में सामने आए हैं।
मामले में 14 मार्च 2026 को गाजियाबाद में केस दर्ज किया गया था। एनआईए की जांच में सामने आए साक्ष्यों के आधार पर 13 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई है। एजेंसी मामले में आरोपियों की भूमिका, कथित विदेशी संपर्क और संवेदनशील सूचनाओं के प्रसारण से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है।