वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
कानपुर नगर। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि विकसित भारत–जी राम जी अधिनियम के माध्यम से विकसित भारत, विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित गांव का स्पष्ट रोडमैप तैयार किया गया है। यह अधिनियम ग्रामीण भारत की तस्वीर बदलने में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने बताया कि इस अधिनियम के तहत ग्रामीण श्रमिकों को रोजगार की गारंटी 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है, जिससे गांवों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और पलायन पर रोक लगेगी।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि गांवों की गलियां ग्रामीणों के लिए हाईवे की तरह होती हैं और इन्हें आधुनिक हाईवे के मानकों के अनुसार विकसित किया जाएगा। विकास पैरामीटर के आधार पर ग्राम पंचायतों को ए, बी और सी श्रेणी में बांटा जाएगा, ताकि सभी गांवों को समान विकास का अवसर मिल सके। गांवों की बेहतर प्लानिंग के लिए पीएम गति शक्ति, जीआईएस और अन्य आईटी टूल्स का उपयोग किया जाएगा। जॉब कार्ड तीन साल के लिए बनाए जाएंगे और श्रमिकों को साप्ताहिक भुगतान की व्यवस्था की गई है।
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाया गया यह अधिनियम देश की करीब 70 प्रतिशत ग्रामीण आबादी की खुशहाली का मार्ग प्रशस्त करेगा। इससे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा और गांवों का आधारभूत ढांचा मजबूत होगा। उन्होंने इसे ग्रामीण विकास की दिशा में मील का पत्थर बताया। यह बातें उन्होंने चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, कानपुर नगर में प्रेस प्रतिनिधियों से बातचीत के दौरान कहीं।