वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने संत शिरोमणि सतगुरु श्री रविदास जी महाराज की जयंती तथा पावन पर्व माघ पूर्णिमा के अवसर पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि संत रविदास जी का जीवन, उनकी वाणी और विचार भारतीय सामाजिक चेतना की अमूल्य धरोहर हैं, जो आज भी समाज को सही दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।
श्री महाना ने कहा कि संत रविदास के विचार कालातीत और सार्वभौमिक हैं। उन्होंने अपने कर्म और उपदेशों के माध्यम से सामाजिक समरसता, समानता और मानवीय गरिमा के मूल्यों को मजबूत किया। संत रविदास ने जाति, वर्ग और भेदभाव से ऊपर उठकर ऐसे समाज की परिकल्पना की, जिसमें हर व्यक्ति को सम्मान, अवसर और न्याय प्राप्त हो। उनकी वाणी ने समाज के कमजोर और वंचित वर्गों को आत्मसम्मान के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि संत रविदास जी ने अपने समय की सामाजिक कुरीतियों, असमानताओं और अन्याय के विरुद्ध निर्भीक होकर आवाज उठाई। उनके विचारों ने न केवल समाज को जागरूक किया, बल्कि आत्मचिंतन और सामाजिक सुधार की राह भी दिखाई। उन्होंने भक्ति और सेवा को मानव जीवन का आधार बताया और कर्म की शुचिता पर विशेष बल दिया।
श्री महाना ने कहा कि वर्तमान समय में, जब समाज विभिन्न प्रकार की चुनौतियों और तनावों से गुजर रहा है, संत रविदास जी की शिक्षाएं और अधिक प्रासंगिक हो गई हैं। आपसी सौहार्द, सहिष्णुता और भाईचारे की भावना को सुदृढ़ करने के लिए उनके विचार मार्गदर्शक की भूमिका निभा सकते हैं। माघ पूर्णिमा के पावन अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे संत रविदास जी के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करें और एक समतामूलक, संवेदनशील तथा सशक्त समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।