वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। प्रदेश की राज्यपाल एवं राज्य विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय, लखनऊ के सेंटर फॉर एडवांस्ड स्टडीज का भ्रमण कर बीटेक प्रथम सत्र का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने शिक्षकों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों को स्वामी विवेकानंद जयंती की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि विवेकानंद जी युवाओं को राष्ट्र की ऊर्जा मानते थे और उनका संदेश आज भी मार्गदर्शक है। उन्होंने कहा कि व्यक्तिगत उन्नति तभी सार्थक है, जब वह राष्ट्रीय विकास से जुड़ी हो।
राज्यपाल ने विश्वविद्यालयों से आह्वान किया कि बदलते वैश्विक परिदृश्य के अनुरूप पाठ्यक्रमों को निरंतर अद्यतन किया जाए, जिससे विद्यार्थी नवोन्मेषी, आत्मनिर्भर और वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए सक्षम बन सकें। उन्होंने स्वच्छता अभियान, डिजिटल पेमेंट, एक पेड़ मां के नाम और विकसित भारत जैसे अभियानों को राष्ट्रीय एकजुटता का परिणाम बताया। भारत की सांस्कृतिक विरासत पर गर्व व्यक्त करते हुए उन्होंने दिवाली को यूनेस्को से मिली मान्यता और देश की मजबूत आर्थिक प्रगति का उल्लेख किया।
उन्होंने उच्च शिक्षा और शोध में हुई प्रगति, नई शिक्षा नीति, चंद्रयान, गगनयान और भावी स्पेस स्टेशन को भारत के बढ़ते आत्मविश्वास का प्रतीक बताया। राज्यपाल ने एकेटीयू को नैक से ए प्लस ग्रेड मिलने पर बधाई दी और शोध, पेटेंट व नवाचार के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने प्रयोगशालाओं, इनोवेशन हब और स्टार्टअप गतिविधियों का निरीक्षण कर विद्यार्थियों को अधिक अवसर देने के निर्देश दिए।