वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को मुख्यमंत्री आवास पर हुई कैबिनेट बैठक में विकास और जनकल्याण से जुड़े 23 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगी। बैठक में बुनियादी ढांचे, शिक्षा, कृषि, रोजगार, स्वास्थ्य और औद्योगिक विकास से जुड़े कई अहम निर्णय लिए गए। वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने प्रेसवार्ता में कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी।
कैबिनेट ने 15.172 किलोमीटर लंबे छह लेन के चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे के संशोधित प्रस्ताव को मंजूरी दी। प्रवेश नियंत्रित ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण ईपीसी मोड पर होगा। इसकी अनुमानित लागत 1,008.67 करोड़ रुपये होगी, जिसका पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। निर्माणकर्ता के चयन के लिए ग्लोबल बिड आमंत्रित की जाएगी। इससे बुंदेलखंड से चित्रकूट धाम तक आवागमन सुगम होने और पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
बेसिक शिक्षा परिषद के परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों को स्मार्ट स्कूल के रूप में विकसित करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई। वहीं मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत लघु एवं सीमांत किसानों को सहकारी ग्राम विकास बैंक के माध्यम से छह लाख रुपये तक का दीर्घकालिक ऋण छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर पर उपलब्ध कराया जाएगा।
पूर्व अग्निवीरों के लिए भी कैबिनेट ने अहम निर्णय लिया है। जेल वार्डन की सीधी भर्ती में 20 प्रतिशत पद आरक्षित किए जाएंगे। प्रवर्तन सिपाही (परिवहन) की सीधी भर्ती में भी 20 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण के साथ आयु सीमा में छूट मिलेगी। इससे सैन्य सेवा पूरी कर चुके युवाओं के लिए सरकारी रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
प्रांतीय रक्षक दल के स्वयंसेवकों और उनके आश्रितों को मुख्यमंत्री पीआरडी कैशलेस चिकित्सा योजना के तहत कैशलेस इलाज की सुविधा देने तथा ड्यूटी भत्ते में बढ़ोतरी का निर्णय हुआ। उचित दर दुकानदारों को वितरित खाद्यान्न पर 25 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त मार्जिन मनी भी मिलेगी।
मथुरा की छाता शुगर कंपनी में 120 केएलपीडी एथेनॉल संयंत्र की स्थापना, उत्तर प्रदेश खिलौना विनिर्माण प्रोत्साहन नीति-2025 और पूर्वांचल में वर्ल्डफिश परियोजना के संचालन से जुड़े प्रस्ताव को मंजूरी मिली। अयोध्या में एनएसजी क्षेत्रीय केंद्र के लिए करीब 65 एकड़ भूमि निशुल्क आवंटित करने के साथ लखनऊ, उन्नाव और रायबरेली में नए शहरों के विकास के लिए धनराशि स्वीकृत की गई। लखनऊ की हाईटेक टाउनशिप परियोजना को पूरा करने का प्रस्ताव भी मंजूर हुआ।