वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
लखनऊ। जागरण इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, कानपुर के 30 विद्यार्थियों और दो शिक्षकों के दल ने मंगलवार को उत्तर प्रदेश विधानसभा का शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान विद्यार्थियों ने विधानसभा भवन की ऐतिहासिक एवं स्थापत्य विशेषताओं को जानने के साथ सदन की कार्यप्रणाली और प्रदेश की विधायी व्यवस्था को करीब से समझा।
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि विधानसभा का भ्रमण युवाओं को लोकतंत्र की जड़ों से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम है। लोकतंत्र केवल मतदान तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके संचालन में विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका की अहम भूमिका होती है। विधानसभा वह स्थान है, जहां जनहित के मुद्दों पर चर्चा होती है और कानून बनाए जाते हैं।
उन्होंने कहा कि आज के विद्यार्थी ही कल के नीति-निर्माता और समाज के नेतृत्वकर्ता बनेंगे। ऐसे में उन्हें संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों, अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक होना चाहिए। विद्यार्थियों को अपने शैक्षणिक विकास के साथ देश और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को भी समझना होगा। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को सदन की कार्यवाही, प्रश्नकाल, विधायी प्रक्रिया और संसदीय समितियों की भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इसके साथ ही विधानसभा में तकनीक के बढ़ते उपयोग तथा ई-विधान व्यवस्था के माध्यम से सदन की कार्यवाही को पारदर्शी और पेपरलेस बनाने के प्रयासों से भी अवगत कराया गया।
विद्यार्थियों ने विधानसभा परिसर का भ्रमण कर अपनी जिज्ञासाएं रखीं। उन्होंने कहा कि पुस्तकों में पढ़ी संसदीय व्यवस्था को प्रत्यक्ष रूप से देखना उनके लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायी अनुभव रहा। इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण से लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति समझ विकसित होती है। इस अवसर पर जागरण इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट की ओर से शुभ्रा श्रीवास्तव और अमन केशरवानी विद्यार्थियों के साथ उपस्थित रहे।