– श्री मौर्या की पहल पर सशक्त महिलाओं को देश के मंच पर पहचान
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस बार दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले से होने वाले राष्ट्रीय ध्वजारोहण समारोह की साक्षी बनेंगी उत्तर प्रदेश की 14 लखपति दीदियां। ये सभी महिलाएं राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत गठित स्वयं सहायता समूहों की सदस्य हैं और उन्होंने अपने परिश्रम से न केवल आत्मनिर्भरता हासिल की है, बल्कि ग्रामीण उद्यमिता की मिसाल भी पेश की है। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा है कि इन दीदियों की भागीदारी “नारी सशक्तिकरण”, “सामूहिक शक्ति” और “आत्मनिर्भर भारत” के संकल्प को नई ऊँचाई देगी। यह यात्रा न केवल उनके लिए एक गर्व का क्षण है, बल्कि प्रदेश की लाखों ग्रामीण महिलाओं के लिए भी एक प्रेरणा बनेगी।
श्री मौर्या ने कहा कि इन दीदियों को यह गौरवपूर्ण अवसर न केवल उनके संघर्ष और सफलता की कहानी को सम्मानित करता है, बल्कि यह ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण का भी प्रतीक बन गया है। स्वतंत्रता दिवस समारोह में विशेष अतिथि के रूप में शामिल होने को लेकर इन महिलाओं में खासा उत्साह है।
श्री मौर्य ने निर्देश दिए कि दीदियों की यात्रा, ठहरने, खानपान और अन्य व्यवस्थाएं पूरी गरिमा के साथ सुनिश्चित की जाएं। उप मुख्यमंत्री स्वयं 13 अगस्त की सुबह 10 बजे अपने कैम्प कार्यालय, 7-कालिदास मार्ग, लखनऊ से उन्हें दिल्ली के लिए बस द्वारा रवाना करेंगे। दिल्ली यात्रा के दौरान प्रत्येक दीदी के साथ उनका पति या एक सहयोगी भी जाएगा। इनके साथ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के दो विशेष प्रतिनिधि भी रहेंगे। 14 अगस्त को ये महिलाएं दिल्ली में पूर्व निर्धारित स्थलों का भ्रमण करेंगी और 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस समारोह में विशेष मेहमानों के तौर पर शामिल होंगी।
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की मिशन निदेशक श्रीमती दीपा रंजन ने बताया कि चयनित लखपति दीदियों में विभिन्न जनपदों की महिलाएं शामिल हैं। हरदोई से ममता जौहर, झाँसी से निशा देवी, सुल्तानपुर से ललिता मौर्य, देवरिया से रेणु देवी, लखीमपुर खीरी से उमा देवी, रुचि वर्मा और सुनीता देवी, फतेहपुर से कांति देवी और लक्ष्मी देवी, मिर्जापुर से शशिबाला सोनकर और राखी कृष्णा सिंह, संत कबीर नगर से विंद्रावती देवी और संतोषी देवी, तथा सोनभद्र से निर्मला देवी इस सूची में शामिल हैं।