– एफआईआर दर्ज होते ही राजनीतिक हलकों में हलचल तेज
– ‘जनता की पाठशाला’ अब जांच और सियासी बहस के घेरे में
वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/ अजय कुमार
लखनऊ। समाजवादी पार्टी की नेता पूजा शुक्ला पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। मामला राजधानी में चलाई जा रही ‘पीडीए पाठशाला’ से जुड़ा है, जिसे लेकर प्रशासन ने अवैध संचालन का आरोप लगाया है। पुलिस के मुताबिक पूजा शुक्ला समेत कई लोगों ने बिना अनुमति के सार्वजनिक स्थल पर पाठशाला संचालित की और नियमों का उल्लंघन किया। इस आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
बताते चलें कि ‘पीडीए पाठशाला’ समाजवादी पार्टी की ओर से युवाओं को संविधान, रोजगार, शिक्षा और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों पर जागरूक करने के लिए चलाई जा रही पहल है। पार्टी का दावा है कि यह अभियान पूरी तरह शांतिपूर्ण और जनहित में है। वहीं, प्रशासन ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा है कि बिना अनुमति के सार्वजनिक स्थानों पर इस तरह की गतिविधियां कानून व्यवस्था के लिए चुनौती बन सकती हैं।
एफआईआर दर्ज होते ही राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी ने इसे विपक्ष की आवाज़ को दबाने की कोशिश बताया है। सपा नेताओं का कहना है कि सरकार युवाओं की बात सुनने के बजाय उन पर मुकदमा दर्ज कर उन्हें डराना चाहती है। दूसरी ओर, पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखना उसकी जिम्मेदारी है और कोई भी कार्रवाई नियमों के तहत की गई है।
पूजा शुक्ला ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार पीडीए यानी पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक वर्ग की एकजुटता से डर रही है और इसी वजह से ऐसे जन आंदोलनों पर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने इसे लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की आज़ादी पर हमला बताया। अब देखना होगा कि यह मामला किस दिशा में आगे बढ़ता है और क्या प्रशासन इस पाठशाला को पूरी तरह बंद कराने की ओर कदम बढ़ाएगा या फिर बातचीत का रास्ता अपनाया जाएगा। फिलहाल ‘जनता की पाठशाला’ अब जांच और सियासी बहस दोनों के घेरे में आ चुकी है।