वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
लखनऊ। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने जालौन में ग्राम्य विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने, परिवारों की आय में वृद्धि करने और पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गांवों का समग्र विकास सरकार की प्राथमिकता है और योजनाओं का क्रियान्वयन स्थानीय जरूरतों के अनुरूप किया जाए।
विकसित भारत जी राम जी के तहत रोजगार सृजन की समीक्षा के दौरान उन्होंने 12 अक्टूबर को आयोजित विशेष रोजगार सृजन दिवस के परिणामों की जानकारी ली। उन्होंने श्रमिकों की मांग के अनुसार लगातार रोजगार उपलब्ध कराने और ग्रामीण आजीविका को स्थायी आधार देने पर जोर दिया। श्री मौर्य ने कच्चे मार्गों से जुड़े सार्वजनिक स्थलों को पक्के रास्तों से जोड़ने, ग्राम पंचायतों में कम्युनिटी हॉल बनाने, जल संरक्षण और स्थायी परिसंपत्तियों के निर्माण को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना का गांव-गांव प्रचार कर युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने को कहा। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की समीक्षा में उन्होंने महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने और आय बढ़ाने वाली गतिविधियों का विस्तार करने पर बल दिया। टीएचआर प्लांट के आसपास मसाला उद्योग समेत लघु एवं कुटीर उद्योग विकसित करने के निर्देश भी दिए, ताकि महिलाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिल सके।
मुख्यमंत्री आवास योजना-ग्रामीण और प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत आपदा प्रभावित परिवारों, विधवा महिलाओं और अन्य पात्र लाभार्थियों को प्राथमिकता से आवास देने को कहा। उन्होंने पारदर्शिता और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी केके सिंह समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी और सभी खंड विकास अधिकारी उपस्थित रहे।