वेब वार्ता (न्यूज़ एजेंसी)/अजय कुमार
लखनऊ। लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व एमएलसी चौधरी सुनील सिंह ने कहा कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ अब दिल्ली में किसानों के ट्रैक्टरों की गूंज सुनाई देगी। उन्होंने उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव टालने की किसी भी कोशिश का विरोध करने और जरूरत पड़ने पर सुप्रीम कोर्ट तक लड़ाई लड़ने का ऐलान किया। शुक्रवार को मॉल एवेन्यू स्थित पार्टी के केंद्रीय कार्यालय में प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने ये बातें कहीं।
सुनील सिंह ने आरोप लगाया कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर एसआईआर के खिलाफ लोकतांत्रिक तरीके से आवाज उठाने पहुंचे लोगों को हिरासत में लिया गया। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि लोकदल किसानों के साथ मिलकर लोकतंत्र और जनता के अधिकारों की लड़ाई लड़ेगा।
उन्होंने कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके की ओर से 16 अक्टूबर को दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क में आयोजित ‘लहरा दो तिरंगा’ कार्यक्रम को लोकदल का समर्थन देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि संविधान, राष्ट्रीय एकता और लोकतांत्रिक मूल्यों के समर्थन में होने वाले शांतिपूर्ण कार्यक्रमों के साथ पार्टी खड़ी रहेगी। पंचायत चुनाव के मुद्दे पर सुनील सिंह ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के तीन महीने के भीतर चुनाव कराने के आदेश का स्वागत किया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार विधानसभा चुनाव से पहले पंचायत चुनाव कराने से बचना चाहती है। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव गांवों में लोकतंत्र की बुनियाद हैं और इन्हें टालना ग्रामीण जनता के अधिकारों को प्रभावित करेगा।
लोकदल अध्यक्ष ने कहा कि पंचायत चुनाव टालने का प्रयास हुआ तो पार्टी सुप्रीम कोर्ट में भी अपना पक्ष रखेगी। उन्होंने कहा कि किसान, युवा, मजदूर और ग्रामीण जनता के अधिकारों के लिए लोकदल इंडिया गठबंधन के साथ सड़क से अदालत तक संघर्ष करेगा।